धनतेरस 2019: तिथि और शुभ मुहूर्त || Dhanteras 2019: Date and Time

धनतेरस 2019: Dhanteras 2019

दीपावली (Diwali) पर्व से दो दिन पहले ही धनतेरस का पर्व मनाया जाता है | एक मान्‍यता के अनुसार क्षीर सागर के मंथन के दौरान धनतेरस के दिन ही भगवान धन्‍वंतरि का जन्‍म हुआ था| जिन्हें आयुर्वेद के देवता माना गया है | इस दिन माता लक्ष्‍मी, भगवान कुबेर और भगवान धन्‍वंतरि की पूजा का विधान है| इसके अलावा धनतेरस के दिन मृत्‍यु के देवता यमराज की पूजा (Yam Puja) भी की जाती है इस दिन सोने-चांदी के आभूषण और बर्तन खरीदने की परम्परा है आजकल तो लोग इस दिन टीवी, फ्रिज, कार, अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण भी खरीदने लगे है| धनतेरस दीपावली पर्व की शुरुआत का है धनतेरस के बाद छोटी दीपावली ( Chhoti Diwali ) मनाई जाती है जिसे नरक चौदस ( Narak Chaturdashi ) भी कहते है, उसके बाद बड़ी दीपावली ( Diwali ) और फिर गोवर्द्धन पूजा (Govardhan Puja) और अंत में भाई दूज या भैया दूज (Bhai Dooj) का त्‍योहार मनाया जाता है| धनतेरस से एक दिन पहले रमा एकादशी (Rama Ekadashi) पड़ती है| यानि दीपावली पुरे सप्ताह का त्यौहार है जिसे लोग बहुत ही उत्साह व श्रध्दा से मानते है|

धनतेरस का महत्‍व : Benefits of Dhanteras:

मान्‍यताओं के अनुसार धनतेरस के दिन लक्ष्‍मी पूजन करने से घर धन-धान्‍य से पूर्ण हो जाता है|
लक्ष्‍मी गणेश की नई प्रतिमा को घर लाना भी शुभ माना जाता है|
इस दिन कुबेर जी की पूजा से अतुलित धन की प्राप्ति होती है|
इसी दिन यथाशक्ति खरीददारी करे|कहा जाता है कि इस दिन जिस भी चीज की खरीददारी की जाएगी उसमें कई गुणा वृद्धि होगी|
यम पूजा से अकाल मृत्‍यु का योग टल जाता है|

धनतेरस की तिथि और शुभ मुहूर्त : Dhanteras Date and Time

धनतेरस की तिथि: 25 अक्‍टूबर 2019
त्रयोदशी प्रारंभ: 25 अक्‍टूबर 2019 को शाम 07 बजकर 08 मिनट से
त्रयोदशी समाप्‍त: 26 अक्‍टूबर 2019 को दोपहर 03 बजकर 36 मिनट
धनतेरस पूजा मुहूर्त: 25 अक्‍टूबर 2019 को शाम 07 बजकर 08 मिनट से रात 08 बजकर 13 मिनट तक
अवधि: 01 घंटे 05 मिनट

धनतेरस की पूजा विधि : Dhenteras Pooja Vidhi :

धनतेरस के दिन चार देवताओं (भगवान धन्‍वंतरि, मां लक्ष्‍मी, भगवान कुबेर और यमराज) की पूजा की जाती है|
इस दिन धन्‍वंतरि की पूजा करने से आरोग्‍य और दीर्घायु प्राप्‍त होती है अतः भगवान धन्‍वंतरि की पूजा पूर्ण श्रध्दा से अवश्य करे|इसके लिए आप धूप, फूल व् दीपक के साथ पूजा जरुर करे|
धनतेरस के दिन मृत्‍यु के देवता यमराज की पूजा भी की जाती है| इस दिन संध्‍या के समय घर के मुख्‍य दरवाजे के दोनों ओर अनाज के ढेर पर मिट्टी का बड़ा दीपक रखकर उसे जलाएं| दीपक का मुंह दक्षिण दिशा की ओर होना चाहिए|
धनतेरस के दिन धन के देवता कुबेर व् माँ लक्ष्मी जी की पूजा की जाती है| मान्‍यता है कि उनकी पूजा करने से व्‍यक्ति को जीवन के हर भौतिक सुख की प्राप्‍ति होती है| इस दिन उनकी प्रतिमा या फोटो धूप-दीपक दिखाकर पुष्‍प अर्पित करें|

Happy Diwali To You…

Leave a Reply

error: Content is protected !!